जीआरएआई के समूह ए श्रेणी में डीएफएस का बैंकिंग प्रभाग 6वें स्थान पर है
वित्तीय सेवा विभाग (बैंकिंग और बीमा विभाग) तक प्रतिवर्ष 25 लाख से अधिक शिकायतें पहुंचती हैं। नवंबर 2025 से यह विभाग शिकायत निवारण मूल्यांकन और सूचकांक (जीआरएआई) रैंकिंग में लगातार शीर्ष 10 मंत्रालयों/विभागों में शामिल रहा है। मई 2026 के लिए, प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग द्वारा जारी जीआरएआई रैंकिंग में बीमा विभाग ने समूह ए श्रेणी (500 या उससे अधिक शिकायतें दर्ज करने वाले विभाग) में दूसरा स्थान प्राप्त किया। बैंकिंग विभाग इसी श्रेणी में छठे स्थान पर रहा।
7 जनवरी, 2024 से , वित्तीय सेवा विभाग के सचिव व्यक्तिगत रूप से 20 चयनित शिकायतों की समीक्षा कर रहे हैं, जिसमें शिकायतकर्ता संबंधित वित्तीय संस्थानों के अध्यक्षों, प्रबंध निदेशकों, मुख्य कार्यकारी अधिकारियों और वरिष्ठ प्रबंधन के साथ प्रत्यक्ष रूप से भाग ले रहे हैं। इस पहल का उद्देश्य ग्राहकों का विश्वास बढ़ाना और शिकायतों का सार्थक समाधान सुनिश्चित करना है।
वित्तीय सेवा विभाग ने आरबीआई, आईआरडीएआई, पीएफआरडीए और सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के साथ ‘प्रभावी शिकायत निवारण ढांचा’ विषय पर कार्यशालाएं आयोजित की हैं। इन सत्रों का उद्देश्य शिकायतों के मूल कारणों की पहचान करना और शिकायत निवारण की गुणवत्ता में सुधार करना था। इनमें संस्थानों को व्यावसायिकता, पारदर्शिता और सहानुभूति के साथ ग्राहकों की चिंताओं का समाधान करने के लिए प्रोत्साहित किया गया, जिससे जनता का विश्वास मजबूत हुआ और सेवा वितरण में सुधार हुआ है। सरकार का लक्ष्य शासन को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और नागरिक-केंद्रित बनाना है ।
