प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के कर-कमलों द्वारा साबरमती रिवरफ्रंट, अहमदाबाद में शुरू किए गए ‘अंतरराष्ट्रीय पतंग महोत्सव-2026’ को देश-विदेश से अभूतपूर्व प्रतिसाद मिल रहा है। लोगों की भारी भीड़ और उत्साह को देखते हुए राज्य सरकार ने इस महोत्सव को 17 जनवरी 2026 तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। अब आम नागरिक और पर्यटक 17 जनवरी तक पतंग महोत्सव का आनंद ले सकेंगे।
इस वर्ष के अंतरराष्ट्रीय पतंग महोत्सव का सबसे बड़ा आकर्षण अहमदाबाद की हेरिटेज थीम है। यूनेस्को द्वारा अहमदाबाद को वर्ल्ड हेरिटेज सिटी घोषित किए जाने के बाद पहली बार पतंग महोत्सव में इसी विरासत को केंद्र में रखकर विशेष आयोजन किया गया है। रिवरफ्रंट पर ‘अहमदाबाद हेरिटेज एवं काइट म्यूजियम एक्सपीरियंसल ज़ोन’ तैयार किया गया है, जो लोगों के लिए आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना हुआ है।
इस ज़ोन में अहमदाबाद की पहचान मानी जाने वाली पुरानी पॉल (पोल) संस्कृति को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया है। लकड़ी के पुराने दरवाज़े, नक्काशीदार खिड़कियां, पारंपरिक स्तंभ और हेरिटेज हवेलियों की प्रतिकृतियां बनाकर आगंतुकों को पुराने अहमदाबाद का अनुभव कराया जा रहा है। इसके साथ ही रंग-बिरंगे हस्तकला बाजार, हेरिटेज वॉक-वे पर बना पतंग म्यूजियम और आकर्षक आइकोनिक फोटो वॉल इंस्टॉलेशन्स लोगों को खूब लुभा रहे हैं।
‘अंतरराष्ट्रीय पतंग महोत्सव-2026’ में इस वर्ष भारत सहित दुनिया के लगभग 50 देशों से 135 अंतरराष्ट्रीय पतंगबाज, जबकि गुजरात समेत देश के 14 राज्यों से 871 भारतीय पतंगबाज हिस्सा ले रहे हैं। इस तरह कुल 1,071 पतंगबाज आसमान में रंग-बिरंगी पतंगों से समां बांध रहे हैं। यह महोत्सव गुजरात की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभा रहा है।
महोत्सव में आने वाले पर्यटकों के लिए अहमदाबाद हेरिटेज एवं काइट म्यूजियम एक्सपीरियंसल ज़ोन की विज़िट सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक निःशुल्क रखी गई है। दोपहर 3 बजे के बाद प्रवेश शुल्क प्रति व्यक्ति ₹50 तय किया गया है। इसके साथ ही शाम 7:00 बजे से विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जाएगा, जिसकी बुकिंग ऑनलाइन ‘बुक माय शो’ वेबसाइट और मोबाइल ऐप के माध्यम से की जा सकती है।
पतंग महोत्सव के दौरान फूड स्टॉल्स, हस्तकला बाजार, पतंग उड़ाने का लाइव अवलोकन और पतंग निर्माण कार्यशालाएं सभी आगंतुकों के लिए खुली रहेंगी। गुजरात टूरिज़्म के अनुसार, इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय पतंग महोत्सव-2026 के चलते अनुमानित पांच लाख से अधिक पर्यटक गुजरात की यात्रा करेंगे, जिससे राज्य को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर और मजबूती मिलेगी।
यह महोत्सव न केवल पतंगबाजी का उत्सव है, बल्कि गुजरात की संस्कृति, परंपरा और विरासत को विश्व पटल पर प्रस्तुत करने का एक भव्य मंच भी बन चुका है।
