भारतीय मसाला निर्यात को बड़ा झटका: फरवरी 2026 में 74% तक गिरावट, चीन की मांग घटने से संकट गहराया

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

भारत के मसाला निर्यात क्षेत्र को फरवरी 2026 में बड़ा झटका लगा है। ताजा सरकारी आंकड़ों के अनुसार, पिछले साल के मुकाबले इस साल मसालों के निर्यात में भारी गिरावट दर्ज की गई है। मात्रा (वॉल्यूम) के हिसाब से लगभग 41% और कीमत (वैल्यू) के आधार पर करीब 74% तक की गिरावट सामने आई है।

फरवरी 2025 में जहां भारत ने करीब 1.90 लाख मीट्रिक टन मसालों का निर्यात किया था, वहीं फरवरी 2026 में यह घटकर केवल 1.12 लाख मीट्रिक टन रह गया। यह गिरावट व्यापारियों और किसानों दोनों के लिए चिंता का कारण बन गई है।

इस गिरावट का सबसे बड़ा कारण चीन की मांग में भारी कमी माना जा रहा है। पिछले साल फरवरी में चीन ने लगभग 130 मिलियन डॉलर के भारतीय मसाले खरीदे थे, लेकिन इस साल यह घटकर सिर्फ 28 मिलियन डॉलर रह गया—यानी करीब 78% की गिरावट।

इसके अलावा, थाईलैंड में 35% और अमेरिका में लगभग 10% की गिरावट भी देखने को मिली है, जिससे कुल निर्यात पर और दबाव बढ़ गया है।

हालांकि, कुछ देशों में भारत के मसालों की मांग बढ़ी भी है। श्रीलंका में निर्यात 137% तक बढ़ा है, जबकि सऊदी अरब, UAE और बांग्लादेश जैसे देशों में भी वृद्धि दर्ज की गई है। इससे थोड़ा संतुलन बना है, लेकिन कुल गिरावट को रोका नहीं जा सका।

विशेषज्ञों का कहना है कि मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और वैश्विक व्यापार पर असर डालने वाले कारकों के कारण आने वाले महीनों में स्थिति और खराब हो सकती है। शिपिंग लागत बढ़ने और सप्लाई चेन में बाधाओं से मसाला निर्यात पर और दबाव पड़ने की आशंका है।

sajagkutch
Author: sajagkutch

Leave a Comment

और पढ़ें